हालांकि, इस बात का भी ध्यान रखें कि ये माइलेज कंट्रोल एनवायरनमेंट में टेस्टिंग के आधार पर क्लेम किया जाता है. रियल लाइफ में माइलेज इससे थोड़ा अलग हो सकता है.